कोरबा :-

कोरबा जिले के टीपी नगर स्थित इंडियन कॉफी हाउस में बुधवार को ओणम पर्व उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। दक्षिण भारत की समृद्ध संस्कृति, परंपरा और सामाजिक समरसता के प्रतीक इस पर्व के अवसर पर फूलों से आकर्षक पुक्कलम (रंगोली) सजाई गई तथा विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों का आयोजन किया गया। उत्सव में संजीव, उन्नीकृष्णन, विवेक, अनूप नैयर, राजेश, अभय कृष्णन, अभिनेष सहित इंडियन कॉफी हाउस के स्टाफ ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस दौरान सभी ने पारंपरिक रूप से पर्व मनाते हुए एक-दूसरे को ओणम की शुभकामनाएं दीं। फूलों की रंगोली और पारंपरिक वातावरण ने कार्यक्रम को विशेष आकर्षण प्रदान किया। ओणम केरल और मलयाली समाज का प्रमुख पर्व है, जो मलयाली कैलेंडर के छिंगम महीने में मनाया जाता है। सामान्यतः यह पर्व अगस्त-सितंबर के बीच आता है। यह पर्व राजा महाबली की स्मृति और उनके अपनी प्रजा से वार्षिक मिलन की मान्यता से जुड़ा हुआ माना जाता है। मान्यता है कि,भगवान विष्णु ने वामन अवतार लेकर राजा महाबली से तीन पग भूमि मांगी थी। महाबली की दानशीलता और भक्ति से प्रसन्न होकर भगवान विष्णु ने उन्हें वर्ष में एक बार अपनी प्रजा से मिलने का वरदान दिया। इसी मान्यता के तहत ओणम पर लोग राजा महाबली के स्वागत के लिए घरों और प्रतिष्ठानों को सजाते हैं। ओणम के अवसर पर पुक्कलम, ओणम साध्या, कैकोट्टिकली जैसे पारंपरिक आयोजन विशेष महत्व रखते हैं। घरों और आंगनों में फूलों से पुक्कलम सजाया जाता है, जबकि ओणम साध्या के तहत केले के पत्ते पर विभिन्न पारंपरिक व्यंजनों का सामूहिक भोज आयोजित किया जाता है। इस पर्व के माध्यम से प्रकृति, फसल, समृद्धि और आपसी भाईचारे के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की जाती है। कोरबा के इंडियन कॉफी हाउस में आयोजित कार्यक्रम ने भी इसी सांस्कृतिक भावना को जीवंत किया। आयोजन में शामिल लोगों ने पारंपरिक परंपराओं के साथ ओणम पर्व का आनंद लिया और ओणम के माध्यम से दक्षिण भारतीय संस्कृति की झलक प्रस्तुत की।